
इंदौर (Indore) में 2023 में मेट्रो (Metro Train) का पहला फेज का ट्रायल रन होना है जिसको लेकर मेट्रो के काम में भी तेजी देखने को मिल रही है. इसी को लेकर इंदौर के लोगो के लिए एक खुसखबरी भी जल्द मिल सकती है. जानकारी के मुताबिक इंदौर में जुलाई – अगस्त से मेट्रो ट्रेनों आने का सिलसिला भी प्रारम्भ हो जाएगा. ट्रायल रन के लिए इंदौर में दो मेट्रो ट्रेनें जुलाई माह के अंतिम सप्ताह तक पहुँच सकती है. इसको लेकर इंदौर में डिपो पर ट्रेनों के अनलोड के लिए बड़ा प्लेटफॉर्म बनना भी शुरू हो गया है.
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह (CM Shivraj Singh) द्वारा 2023 तक इंदौर शहर को मेट्रो देने का वादा किया गया है. इसको लेकर तमाम तरह की तैयारियां चल रही है. लेकिन अभी तक इंदौर वासियों को ट्रायल के लिए मेट्रो ट्रैन का इंतज़ार है. लेकिन जल्द ही यह इंतज़ार खत्म हो सकता है. जानकारी के मुताबिक इंदौर में जुलाई तक 2 मेट्रो आ सकती है. बताया जा रहा है की तीन कोच की एक मेट्रो होगी, जिसमें एक साथ 250 से 300 यात्री सफर कर पाएंगे. मेट्रो के स्टेशन को लेकर गांघी नगर में स्टेशन का निर्माण चल रहा है.
मेट्रो प्रोजेक्ट का काम देख रहे आईडीए के चीफ इंजीनियर अनिल जोशी के अनुसार इंदौर में 31.5 किलोमीटर का मेट्रो प्रोजेक्ट तैयार किया जा रहा है. अभी पिलरों को सेगमेंट से जोड़ा जा रहा है. इसके बाद पटरियां बिछाने का काम शुरू होगा. मेट्रो ट्रेक भले ही 31.5 किलोमीटर का है,लेकिन उस पर दोनो छोर से एक साथ दो ट्रेनें चलेगीं. दोनों ट्रेन ट्रेक पर ही एक दूसरे को क्राॅस भी कर सकेगी.
इंदौर के भविष्य के विस्तार और जनसंख्या को देखते हुए मेट्रो ट्रेन प्रोजेक्ट पर काम होगा. उपनगरों को जोड़ने के लिए भी सर्वे शुरू हो गया है. मेट्रो रुट से महू और पीथमपुर से इंदौर से कनेक्ट होंगे. अधिकारियों ने बताया कि 31.5 किलोमीटर का ट्रेक पूरा होने के बाद कुल 28 ट्रेनें चलेगीं. स्टेशनों की दूरी के अनुसार एक से तीन मिनट में ट्रेन स्टेशन पर पहुंच जाएगी. गांधी नगर में बन रहे डिपो को भी इस तरह से बनाया जा रहा है. यहां पर रात को दोनो छाेर से ट्रेन प्रवेश कर सकेगी. अभी पांच जगह लांचर लगाकर पिलरों को जोड़ने का काम चल रहा है. मध्य हिस्से में मेट्रो भूमिगत होगी या एलिवेटेेड. इस पर फैसला होना अभी बाकी है.

