मुख्यमंत्री के आह्वान पर आरक्षण संशोधन विधेयक मंजूरी के लिए निकाली जन अधिकार रैली: सुशील सन्नी अग्रवाल

रायपुर. 3 जनवरी को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के आह्वान पर रायपुर के साइंस कॉलेज, ग्राउण्ड में गिरीश देवांगन, अध्यक्ष, छत्त्तीसगढ़ खनिज विकास निगम एवं सुशील सन्नी अग्रवाल, अध्यक्ष, छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के नेतृत्व में पूरे छत्तीसगढ़ से हजारों की संख्या में आये कांग्रेस कार्यकर्ता एवं सर्व समाज के प्रमुखों के साथ छत्तीसगढ़ विधानसभा में पारित आरक्षण संशोधन विधेयक में छत्तीसगढ़ की महामहिम राज्यपाल द्वारा हस्ताक्षर नहीं किये जाने के विरोध में जन अधिकार रैली निकाली गई.
रैली में गिरीश देवांगन द्वारा जानकारी दी गई कि छत्तीसगढ़ विधानसभा द्वारा भूपेश सरकार के नेतृत्व में पूरे प्रदेश की जनता को लाभ दिलाने के लिए आरक्षण विधेयक में संशोधन करते हुए विधेयक पारित किया गया है जिसमें अनुसूचित जनजाति को 32 प्रतिशत अनुसूचित जाति को 13 प्रतिशत तथा अन्य पिछड़ा वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण दिया गया है, इसी प्रकार आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को 4 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिया गया है, किन्तु संविधान विरोधी लोगों एवं भा.ज.पा के के ईशारे पर छत्तीसगढ़ की महामहिम द्वारा उक्त विधेयक पर हस्ताक्षर नहीं किया जा रहा है जिससे प्रदेश के लाखों युवाओं का भविष्य अधर में लटका हुआ है, प्रदेश की जनता के हित में कांग्रेस की सरकार हर कदम पर उनके साथ है.
आगे जन अधिकार रैली में सुशील सन्नी अग्रवाल जी ने कहा कि छत्तीसगढ़ के यशस्वी मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के आह्वान पर पूरे प्रदेश भर से आये कांग्रेस के कार्यकताओं एवं सर्व समाज के प्रमुखों ने जन अधिकार रैली में शामिल होकर यह साबित कर दिया है कि पूरा प्रदेश आरक्षण के मुद्दे को लेकर भूपेश बघेल जी के साथ एकजुट होकर विधेयक में हस्ताक्षर होते तक संघर्ष करेगी.
जन अधिकार रैली में प्रमुख रूप से अभिषेक बोरकर, के.सूरज, सचिन शर्मा, गुलाब सिंह यादव, आवेश खान, गुरूदत्त कुर्रे, फारूक अशरफी, भास्कर दुबे, शंकर सेन, शरद गुप्ता, नवीन लाजरस, उत्तम साहू, रामटेके, श्रीमती शोभा ठाकुर, श्रीमती भूमिका धु्रव एवं हजारों की संख्या में कांग्रेस के कार्यकर्तागण एवं विभिन्न समाजों से आये समाज के लोग उपस्थित रहे.


