
केदारनाथ यात्रा के लिए नए पंजीकरण पर आठ मई तक रोक लगा दी गई है. केदारनाथ में हो रही बर्फबारी और पैदल मार्ग पर बार बार हो रहे हिमस्खलन के कारण यह फैसला लिया गया है. श्रद्धालु आठ मई से आगे की तारीख के लिए पंजीकरण करा सकते हैं.
25 अप्रैल को केदारनाथ धाम के कपाट खुले थे. तब से लगातार धाम में बारिश व बर्फबारी हो रही है. इसके बावजूद चार मई तक 1.23 लाख से अधिक तीर्थ केदारनाथ धाम में दर्शन कर चुके हैं. मौसम खराब होने से सरकार को यात्रा के लिए पंजीकरण रोकना पड़ रहा है.

चारधाम यात्रा में दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का कोटा व्यवस्था समाप्त करने के बाद पंजीकरण में तेजी आई है, लेकिन बारिश और बर्फबारी से यात्रा बाधित हो रही है. श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए सरकार को केदारनाथ धाम की यात्रा रोकनी पड़ रही है.
पर्यटन विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार 10 मई तक केदारनाथ धाम के लिए 1.26 लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने पंजीकरण कराया है. मौसम खराब होने के बाद भी बाबा केदार के दर्शन के लिए भक्तों में भारी उत्साह है. पंजीकरण और हेली सेवा टिकटों की बुकिंग से इसका अंदाजा लगाया जा सकता है.

चारधाम यात्रा पंजीकरण के नोडल अफसर अपर निदेशक योगेश गंगवार ने बताया कि, यात्रा मार्ग में पेश आ रही दिक्कतों को ध्यान में रखते हुए नए पंजीकरण पर आठ मई तक रोक लगा दी गई है. उधर, गुरुवार शाम धाम में फिर से हल्की बर्फबारी हुई. वहीं दोपहर सवा दो बजे हिमस्खलन से पैदल मार्ग बंद हो गया. एसडीआरएफ के जवानों ने यहां पर यात्रियों की सुरक्षित आवाजाही कराई गई. गुरुवार सुबह नौ बजे से शाम चार बजे तक 9533 तीर्थयात्री केदारनाथ भेजे गए.
