
कर्नाटक चुनाव के शनिवार को आए नतीजों में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत मिला. 224 सदस्यीय विधानसभा में पार्टी ने 135 सीटें जीतीं जो पिछले चुनाव से 55 अधिक हैं. वहीं, सत्ताधारी भाजपा 66 सीटों पर सिमट गई. जेडीएस के खाते में 19 सीटें आईं, जबकि अन्य को चार सीटें मिलीं. देर रात तक जयानगर सीट पर गिनती जारी थी, जिसमें भाजपा ने 16 मतों से जीत हासिल की. 12 मंत्रियों को हार का सामना करना पड़ा. भाजपा से कांग्रेस में आए जगदीश शेट्टार भी हार गए.
कांग्रेस के विधायक दल की रविवार को बैठक होगी. इसमें सीएम का ऐलान हो सकता है. कर्नाटक में कांग्रेस ने 10 साल बाद अपने दम पर सत्ता में वापसी करते हुए को भाजपा को उसके कब्जे वाली एकमात्र दक्षिणी राज्य से बाहर कर दिया. इस चुनाव को 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले दोनों पार्टियों के लिए अग्निपरीक्षा के रूप में देखा जा रहा था. पिछले 34 वर्षों के इतिहास में यह पहला मौका है जब कोई पार्टी 42.9 फीसदी वोट के साथ 135 सीट जीतने में सफल रही.
इससे पहले कांग्रेस ने 1989 के चुनाव में 178 सीटों पर जीत दर्ज की थी. इसके बाद 1999 के चुनाव में कांग्रेस ने 132 सीटें और 2013 के चुनाव में 122 सीटें जीती थीं. वर्ष 2018 में कांग्रेस को 80 सीटें मिली थीं. इस बार के चुनावों में रिकॉर्ड 73.19 प्रतिशत मतदान हुआ था.



